मोहला मानपुर में नक्सली प्रेस टीम के कमांडर ने पत्नी के साथ किया सरेंडर, दोनों पर था 5-5 लाख का इनाम

मोहला मानपुर
मोहला मानपुर। छत्तीसगढ़ में नक्सल संगठन के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है और नक्सलियों के कमजोर होने की खबरें लगातार आ रही हैं। मोहला मानपुर जिला पुलिस को एक और बड़ी सफलता मिली है। यहां माड़ डिविजन के प्रेस टीम के कमांडर पवन तुलावी और उसकी पत्नी पायके ओयाम ने आत्मसमर्पण कर दिया। दोनों पर 5-5 लाख रुपए का इनाम घोषित था।

कमांडर पवन तुलावी और उसकी पत्नी पायके ने पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण किया। पवन तुलावी, जो अबूझमाड़ के नक्सलियों के प्रेस टीम का कमांडर था, मानपुर ब्लॉक के बस्तर सीमावर्ती ग्राम दोरदे का निवासी है। वहीं उसकी पत्नी पायके ओयाम बीजापुर के भैरमगढ़ की निवासी थी और केंद्रीय कमेटी सदस्य सोनू उर्फ भूपति की सुरक्षा गार्ड के रूप में कार्यरत थी।

यह सरेंडर नक्सलियों के खिलाफ पुलिस की सफलता और कड़ी कार्रवाई का प्रतीक है, जिससे प्रदेश में नक्सलियों के सफाए की उम्मीद जताई जा रही है।

 

admin

Related Posts

अंबिकापुर: जिला न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी वाला ईमेल, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

अम्बिकापुर सरगुजा जिला एवं सत्र न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल मिलने से बुधवार को प्रशासनिक अमला सतर्क हो गया। यह धमकी जिला न्यायाधीश की आधिकारिक ई-मेल…

मतदाता सूची शुद्धिकरण पर फोकस, रोल ऑब्ज़र्वर अभिनव गुप्ता ने किया फील्ड निरीक्षण

रायपुर. निर्वाचक नामावली के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यों का रोल ऑब्जर्वर  अभिनव गुप्ता ने किया निरीक्षण निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम–2026 के अंतर्गत भारत निर्वाचन आयोग, नई दिल्ली…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति