केंद्र सरकार के आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के तहत अब तक 73.90 करोड़ से अधिक स्वास्थ्य खाते बनाए जा चुके

नई दिल्ली
केंद्र सरकार के आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन (एबीडीएम) के तहत अब तक 73.90 करोड़ से अधिक स्वास्थ्य खाते बनाए जा चुके हैं। स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। एबीडीएम की शुरुआत 2021 में हुई थी, जिसका उद्देश्य देश में एक डिजिटल स्वास्थ्य प्रणाली तैयार करना है। इसके लिए हर नागरिक का आयुष्मान भारत स्वास्थ्य खाता (एबीएचए) नंबर बनाया जाता है। यह 14 अंकों की एक विशेष पहचान संख्या होती है, जिसे पहले हेल्थ आईडी कहा जाता था।

3 फरवरी 2025 तक, सरकार ने कुल 73,90,93,095 'आभा' आईडी जारी कर दी हैं। यह जानकारी स्वास्थ्य और परिवार कल्याण राज्य मंत्री प्रतापराव जाधव ने लोकसभा में लिखित जवाब में दी। आभा नंबर से आपका स्वास्थ्य रिकॉर्ड आसानी से एक डॉक्टर से दूसरे डॉक्टर तक पहुंच सकता है। इससे आपकी देखभाल लगातार होती रहेगी और स्वास्थ्य सेवाएं भी बेहतर होंगी।

इसके अलावा, यह एक तरह का डिजिटल स्वास्थ्य खाता है जिससे देश भर में रहने वाले लोग जुड़ सकते हैं। जब भी जरूरत हो, आभा कार्ड के जरिए ऑनलाइन अपनी सभी मेडिकल जरूरतों और इलाज की जानकारी पाई जा सकती है। सरकार इस योजना की जानकारी अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने के लिए विभिन्न कदम उठा रही है। इसमें मीडिया प्रचार, सूचना एवं शिक्षा गतिविधियां (आईईसी), और जागरूकता अभियान शामिल हैं।

जाधव ने बताया कि सरकार ने राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत कुछ महत्वपूर्ण स्वास्थ्य योजनाओं को 2021-2026 तक बढ़ाने का निर्णय लिया है। इनका लक्ष्य है: मातृ मृत्यु दर को घटाकर 87 प्रति लाख करना। शिशु मृत्यु दर को 22 प्रति हजार तक लाना। कुल प्रजनन दर को 2.0 पर बनाए रखना। देशभर में 1.5 लाख 'आयुष्मान आरोग्य मंदिर' स्थापित करना। एक वर्ष तक के सभी बच्चों का 90% से अधिक पूर्ण टीकाकरण सुनिश्चित करना। इसके अलावा, मलेरिया, डेंगू, लिम्फेटिक फाइलेरिया, काला अजार जैसी बीमारियों के खिलाफ भी कार्यक्रम जारी रहेंगे।

admin

Related Posts

हवाई हादसों का दर्दनाक इतिहास: अजित पवार दुर्घटना से पहले इन 11 दिग्गजों की भी ऐसे ही हुई थी मौत

नई दिल्ली बुधवार की सुबह महाराष्ट्र और देश की राजनीति के लिए गहरे शोक की खबर लेकर आई, जब महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार और चार अन्य लोगों की एक…

हमें पता है क्या हो रहा है — UGC रेगुलेशन मामले में दखल देगा सुप्रीम कोर्ट

नई दिल्ली जातिगत भेदभाव से जुड़े UGC के नए नियमों के खिलाफ दाखिल याचिका पर सुनवाई के लिए सुप्रीम कोर्ट तैयार हो गया है। शीर्ष न्यायालय ने बुधवार को इस…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति