प्राइवेट ऑर्गेनाइजेशन के मोबाइल ऐप्स में आधार-इनेबल फेस ऑथेंटिकेशन को शामिल करने की अनुमति दी

नई दिल्ली

भारत सरकार ने प्राइवेट ऑर्गेनाइजेशन के मोबाइल ऐप्स में आधार-इनेबल फेस ऑथेंटिकेशन को शामिल करने की अनुमति दे दी है। इससे यूजर्स के लिए Identity Verification को आसान और सिक्योर बनाया जा सकेगा। यह कदम डिजिटल लेनदेन को सुगम बनाने, सेवाओं की बेहतर पहुंच सुनिश्चित करने और Ease of Living बढ़ाने में मदद करेगा। इससे हॉस्पिटैलिटी, हेल्थकेयर, क्रेडिट रेटिंग ब्यूरो, ई-कॉमर्स, एजुकेशनल इंस्टीट्यूट और एग्रीगेटर सेवा प्रोवाइडर्स जैसे कई क्षेत्रों को लाभ मिलेगा।

आधार ऑथेंटिकेशन कैसे होगा यूज
इस अपडेट के बाद, प्राइवेट कंपनियां आधार फेस ऑथेंटिकेशन का इस्तेमाल अब कस्टमर ऑनबोर्डिंग, ई-केवाईसी वेरिफिकेशन, एग्जाम रजिस्ट्रेशन और इंप्लॉई अंटेंडेंस मार्क सकते है। यह बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन यूजर्स को तेज, सिक्योर और झंझट मुक्त सेवा प्रदान करेगा, जिससे ओटीपी (OTP) या दस्तावेजों पर डिपेंडेंसी कम होगी। मिनिस्ट्री ऑफ इलेक्ट्रॉनिक्स और इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी (MeitY) के अनुसार, यह फैसला आधार ऑथेंटिकेशन फॉर गुड गवर्नेंस संशोधन नियम, 2025 के तहत लिया गया है। इसका उद्देश्य सुशासन और सेवा वितरण में पारदर्शिता और दक्षता बढ़ाना है।

आधार गुड गवर्नेंस पोर्टल लॉन्च
MeitY ने आधार गुड गवर्नेंस पोर्टल (swik.meity.gov.in) भी लॉन्च किया है, जहां ऑथेंटिकेशन सेवाओं के लिए एप्लीकेशन और ऑनबोर्डिंग प्रोसेस से जुड़ी गाइडलाइन उपलब्ध कराई गई हैं। इस पोर्टल को MeitY के सेक्रेटरी एस. कृष्णन द्वारा लॉन्च किया गया। इस मौके पर UIDAI के CEO भुवनेश कुमार, NIC के डायरेक्टर जनरल इंदर पाल सिंह सेठी, UIDAI के डीडीजी मनीष भारद्वाज और अमोद कुमार सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

MeitY सेक्रेटरी एस. कृष्णन ने कहा कि इस पोर्टल के लॉन्च और अन्य प्रोसेस को सुगम बनाने में काम करता है। आधार की मदद से भारत की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में भी मदद मिल रही है। आधार कार्ड की मदद से गुड गवर्नेंस पोर्टल को दुरुस्त किया जा रहा है।

आधार करेक्शन नियम
आधार करेक्शन एक जरूरी प्रोसेस है। अगर आप भी आधार कार्ड करेक्शन करना चाहते हैं तो हम इसके बारे में बताने जा रहे हैं। आधार कार्ड करेक्शन की लिमिट भी तय की गई है। अगर आप मोबाइल नंबर अपडेट करना चाहते हैं तो इसके लिए कोई लिमिट नहीं रखी गई है। यानी आप अनलिमिटेड टाइम इसे करेक्ट कर सकते हैं। नाम को भी आधार कार्ड में अपडेट किया जा सकता है। लेकिन ये करेक्शन महज 2 बार हो सकती है। लेकिन इसके लिए आपको सपोर्टिंग डॉक्यूमेंट देना होगा। डेट ऑफ बर्थ चेंज करने की बात करें तो आप इसे सिर्फ 1 बार बदल सकते हैं। एड्रेस को लेकर कोई डेडलाइन तय नहीं की गई है। इसे आप कितनी भी बार बदल सकते हैं। इसके लिए आपको सिंपल करेक्शन प्रोसेस फॉलो करना होगा।

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