लालू यादव 13वीं बार आरजेडी के राष्ट्रीय अध्यक्ष बने , पार्टी कार्यालय में ऐलान; 5 जुलाई को ताजपोशी

पटना 

राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के संस्थापक और दिग्गज नेता लालू प्रसाद यादव को एक बार फिर पार्टी का राष्ट्रीय अध्यक्ष चुना गया है. यह उनका लगातार 13वां कार्यकाल होगा. वो इस पद पर निर्विरोध निर्वाचित हुए हैं. आरजेडी के राष्ट्रीय निर्वाचन पदाधिकारी रामचंद्र पूर्वी ने इस बात की आधिकारिक घोषणा की.

राष्ट्रीय अध्यक्ष पद के लिए नामांकन की प्रक्रिया पूरी होने के बाद सोमवार 2 बजे तक नाम वापसी की अंतिम तारीख थी. इस पद के लिए सिर्फ लालू प्रसाद यादव ने ही नामांकन दाखिल किया था. किसी अन्य उम्मीदवार ने नामांकन नहीं किया और लालू यादव ने भी अपना नाम वापस नहीं लिया. इसके बाद निर्वाचन पदाधिकारी ने उन्हें निर्विरोध राष्ट्रीय अध्यक्ष घोषित कर दिया.

लालू प्रसाद यादव को फिर चुना गया पार्टी का राष्ट्रीय अध्यक्ष

रामचंद्र पूर्वी ने बताया कि लालू प्रसाद यादव को 5 जुलाई को राष्ट्रीय जनता दल की राष्ट्रीय परिषद की बैठक में औपचारिक रूप से निर्वाचन पत्र सौंपा जाएगा. इससे पहले भी वो लगातार पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष रहे हैं और अब फिर से उनकी अगुवाई में पार्टी आगे बढ़ेगी.

राजद के स्थापना वर्ष 1997 से ही लालू पार्टी अध्यक्ष हैं। राष्ट्रीय निर्वाचन पदाधिकारी डॉ. रामचन्द्र पूर्वे, राष्ट्रीय सहायक निर्वाचन पदाधिकारी चितरंजन गगन के समक्ष लालू ने चार सेटों में अपना नामांकन पत्र प्रदेश राजद के कैम्प कार्यालय में दाखिल किया। प्रत्येक नामांकन पत्र पर राष्ट्रीय परिषद के 10-10 सदस्यों के हस्ताक्षर हैं।

पार्टी के राष्ट्रीय सहायक निर्वाचन पदाधिकारी चितरंजन गगन ने कहा कि पांच जुलाई को पटना के बापू सभागार में आयोजित राष्ट्रीय परिषद की बैठक में लालू के निर्विरोध निर्वाचन का प्रमाणपत्र सौंपा जाएगा। नवनिर्वाचित अध्यक्ष की अध्यक्षता में खुला अधिवेशन होगा, जिसमें राष्ट्रीय कार्यकारिणी द्वारा पेश प्रस्तावों पर चर्चा होगी।

आपको बता दें हाल ही में 77 साल के मंगनी लाल मंडल को राजद का प्रदेश अध्यक्ष चुना गया था। वो भी इस पद के लिए नामांकन करने वाले इकलौते प्रत्याशी थे।

13वीं बार राष्ट्रीय जनता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष बने लालू प्रसाद यादव

आरजेडी में लालू प्रसाद की पकड़ और उनका राजनीतिक अनुभव पार्टी के लिए अहम माना जाता है. उनके एक बार फिर अध्यक्ष बनने से पार्टी कार्यकर्ताओं में उत्साह है और आने वाले चुनावों को लेकर तैयारियां तेज हो सकती हैं.

 

admin

Related Posts

अजित पवार की मौत पर सियासत तेज: ममता बोलीं– सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में हो जांच, भरोसा खत्म

कोलकाता महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के वरिष्ठ नेता अजित पवार का बुधवार सुबह एक दुखद विमान दुर्घटना में निधन हो गया। यह हादसा पुणे जिले के…

‘अयोध्या से कटियार ही लड़ें’— बृजभूषण शरण सिंह का बड़ा बयान, सियासत में साजिश का आरोप

गोंडा कैसरगंज के पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह ने कहा है कि अयोध्या लोकसभा सीट पर पहला हक विनय कटियार का है और उन्हें ही चुनाव लड़ना चाहिए। उन्होंने यह…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

धर्म

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

माघ माह की आखिरी एकादशी: इन 3 जगहों पर दीपक जलाते ही चमक उठेगा किस्मत का सितारा

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

शुक्र प्रदोष व्रत का महात्म्य: इस मुहूर्त में पूजा से पूरी होंगी मनोकामनाएं

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

आज का राशिफल: ग्रहों के परिवर्तन से किस राशि की बदलेगी किस्मत

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

श्रद्धा का प्रतीक बेलपत्र: क्यों महादेव को अति प्रिय है यह पत्ता, क्या है जन्म कथा

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

गंडमूल नक्षत्र का रहस्य: जन्म के बाद 27 दिनों तक पिता-दर्शन क्यों वर्जित?

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति

17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति