मंगोलिया में राष्ट्रपति पुतिन की गिरफ्तारी की आशंकाओं के बीच भव्य स्वागत

उलानबटार
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन इस समय मंगोलिया के दौरे पर हैं. पुतिन का दो दिनों का यह दौरा ऐसे समय पर हुआ है, जब इंटरनेशनल क्रिमिनल कोर्ट (ICC) ने मंगोलिया की सरकार को उनकी गिरफ्तारी का आदेश दिया. लेकिन गिरफ्तारी के आदेश को दरकिनार कर मंगोलिया सरकार ने पुतिन के स्वागत में लाल कार्पेट बिछा दिया.

मंगोलिया की राजधानी उलानबटार पहुंचने पर राष्ट्रपति पुतिन का ग्रैंड वेलकम किया गया. उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया. यहां तक कि चंगेज खान के स्मारक को मंगोलिया और रूस के झंडे से रंग दिया गया. मंगोलिया की विदेश मंत्री बटमुंख खुद उनकी अगवानी करने एयरपोर्ट पहुंची थीं.

इंटरनेशनल क्रिमिनल कोर्ट का क्या था आदेश?

इंटरनेशनल क्रिमिनल कोर्ट यानी आईसीसी ने 2023 में पुतिन के खिलाफ अरेस्ट वॉरंट जारी किया था. उन्हें यूक्रेन में नरसंहार का जिम्मेदार ठहराया गया है. इस वजह से इंटरनेशनल कोर्ट ने मंगोलिया सरकार को उन्हें गिरफ्तार करने का आदेश दिया था.

इंटरनेशनल क्रिमिनल कोर्ट के आदेश के अनुसार, कोर्ट से अरेस्ट वारंट जारी होने के बाद अगर वह शख्स किसी भी आईसीसी सदस्य देश में कदम रखता है तो उसे गिरफ्तार करना उस मुल्क की जिम्मेदारी हो जाती है. इस वजह से पुतिन ऐसे किसी मुल्क की यात्रा करने से बच रहे थे, जो आईसीसी का सदस्य हो. वह इससे पहले चीन और उत्तर कोरिया जैसे देशों का दौरा कर चुके हैं, जो आईसीसी के सदस्य नहीं हैं.

रूस और मंगोलिया के रिश्ते क्यों हैं खास?

रूस और मंगोलिया करीबी दोस्त हैं. मंगोलिया की अर्थव्यवस्था बहुत हद तक रूस पर ही निर्भर है. वह तेल औरबिजली जैसी कई जरूरी चीजों को लेकर रूस पर निर्भर है. मंगोलिया दरअसल रूस और चीन की सीमा के बीच स्थित है और इन दोनों ही देशों से मंगोलिया के बेहतरीन संबंध हैं. रूस और यूक्रेन युद्ध को लेकर भी मंगोलिया का निष्पक्ष रवैया रहा है. वह दोनों ही पक्षों के साथ संतुलन बनाने में यकीन रखता है.

पुतिन के मंगोलिया दौरे का विरोध भी

हालांकि, मंगोलिया पहुंचे रूसी राष्ट्रपति पुतिन का विरोध भी हो रहा है. उनकी मंगोलिया यात्रा के विरोध में लोग यूक्रेन का झंडा थामकर प्रदर्शन कर रहे हैं.

इस दौरान 'गेट वॉर क्रिमिनल पुतिन आउट ऑफ हियर' का बैनर थामे लोग अपना विरोध जता रहे हैं. लेकिन ये विरोध शांतिपूर्ण ढंग से किया जा रहा है. लेकिन इसके बावजूद पुलिस ने इन प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए बल का प्रयोग किया.

मंगोलिया पर क्यों भड़का रूस?

पुतिन के मंगोलिया दौरे से यूक्रेन भड़का हुआ है. यूक्रेन का कहना है कि मंगोलिया दरअसल एक वॉर क्रिमिनल को बचा रहा है. उसे इसकी कीमत चुकानी होगी.

 

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