दिल्ली विधानसभा चुनाव 2025 : दिल्ली कैंट में जारी रहेगा आप की जीत का सिलसिला? कांग्रेस और भाजपा से मिल रही चुनौती

नई दिल्ली
दिल्ली विधानसभा चुनाव की तारीखों के ऐलान के साथ ही आम आदमी पार्टी (आप) की नजर लगातार तीसरी बार सरकार बनाने पर है। आप ने दिल्ली की सभी सीटों पर अपने उम्मीदवार उतार दिए हैं। इस बार आप ने दिल्ली की महत्वपूर्ण सीटों में से एक दिल्ली कैंट पर अपने वर्तमान उम्मीदवार को टिकट दिया है, जिससे यहां मुकाबला काफी दिलचस्प हो गया है। आइए जानते हैं दिल्ली कैंट के समीकरण के बारे में। दिल्ली कैंट विधानसभा, नई दिल्ली लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र में आती है। साल 2013 से यहां आम आदमी पार्टी का कब्जा रहा है। हालांकि, एक समय ऐसा भी था, जब इस सीट को भाजपा का गढ़ भी कहा जाता था।

1993 से 2020 तक हुए विधानसभा चुनाव में आप ने तीन बार, भाजपा ने तीन बार और कांग्रेस ने केवल एक बार ही सीट पर जीत का परचम लहराया है। भाजपा ने 1993, 2003 और 2008 में जीत दर्ज की, जबकि कांग्रेस ने सिर्फ 1998 के विधानसभा चुनाव में यहां जीत हासिल की थी। वहीं, आम आदमी पार्टी ने 2013 के विधानसभा चुनाव में पहली बार जीत दर्ज की थी। इसके बाद 2015 और 2020 में भी आप प्रत्याशी को यहां से जीत मिली।

2020 विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी के उम्मीदवार वीरेंद्र सिंह कदियान 28,971 वोट मिले और उनका वोट शेयर 49.17 फीसदी था। वहीं, भाजपा के मनीष सिंह को 18,381 वोट मिले। उनका वोट शेयर 31.19 प्रतिशत था, जबकि कांग्रेस के संदीप तंवर को 7,954 वोट मिले थे और उनका वोट शेयर 13.50 फीसदी था।

आप ने दिल्ली कैंट से वर्तमान विधायक वीरेंद्र सिंह कदियान को दोबारा टिकट दिया है। वीरेंद्र कदियान ने 2020 के चुनाव में भाजपा के मनीष सिंह को 10,590 वोटों के मार्जिन से हराया था। वहीं, कांग्रेस ने प्रदीप कुमार उपमन्यु को टिकट दिया है, जबकि भाजपा ने अभी तक अपने उम्मीदवार के नाम का ऐलान नहीं किया है। 60 हजार से अधिक हैं मतदाताओं की संख्या वाले इस दिल्ली कैंट विधानसभा सीट पर पुरुष मतदाता 37,298, महिला मतदाता 29,614 और थर्ड जेंडर वोटर सिर्फ दो हैं। यहां कुल मतदाताओं की संख्या 66,914 हैं।

 

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